पलामू: झारखंड के पलामू जिले में आयोजित प्रमंडल स्तरीय मुखिया सम्मेलन 2026 ने राज्य में पंचायती राज व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस वृहद आयोजन को केवल एक औपचारिक कार्यक्रम की तरह नहीं, बल्कि ग्रामीण सशक्तिकरण और विकास के एक मजबूत संकल्प के रूप में प्रस्तुत किया गया। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य जमीनी स्तर पर काम करने वाले जनप्रतिनिधियों को एकजुट करना और उनके अधिकारों व कर्तव्यों के प्रति उन्हें और अधिक जागरूक बनाना था।
कार्यक्रम के दौरान इस बात पर विशेष रूप से जोर दिया गया कि मुखिया प्रतिनिधियों के जमीनी अनुभव, उनके बीच के आपसी संवाद और समस्याओं के समाधान की उनकी क्षमता से ही ग्रामीण विकास को एक नई और तेज गति मिलेगी। नेताओं और प्रतिनिधियों ने यह स्पष्ट किया कि जब पंचायतें आर्थिक और प्रशासनिक रूप से मजबूत होंगी, तभी गांवों में शिक्षा के स्तर, स्वास्थ्य सेवाओं, बेहतर सड़क निर्माण और जल प्रबंधन जैसे बुनियादी ढांचों में असली और सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा। एक सशक्त पंचायत ही आम जनमानस की रोजमर्रा की जरूरतों को सबसे बेहतर ढंग से समझकर जमीनी स्तर पर नीतियों को लागू कर सकती है।
इस गरिमामयी अवसर पर राज्य के कई प्रमुख नेता और गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे, जिन्होंने पंचायती राज के प्रतिनिधियों का मार्गदर्शन और उत्साहवर्धन किया। सम्मेलन में विशेष रूप से वित्तमंत्री श्री राधा कृष्ण किशोर जी और पंचायती राज सह ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडे सिंह जी ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इन वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी ने न केवल इस आयोजन की महत्ता को बढ़ाया, बल्कि यह कड़ा संदेश भी दिया कि सरकार जमीनी स्तर के नेताओं के साथ मिलकर झारखंड के ग्रामीण विकास को एक नई दिशा देने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
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